नई दिल्ली, 2 मई 2026: हरियाणा के राज्यपाल प्रोफेसर असीम कुमार घोष ने आज प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से नई दिल्ली में शिष्टाचार भेंट की। प्रधानमंत्री कार्यालय (पीएमओ) ने एक्स (पूर्व ट्विटर) पर इसकी पुष्टि करते हुए कहा, “हरियाणा के राज्यपाल प्रो. असीम कुमार घोष ने प्रधानमंत्री @narendramodi से आज भेंट की।”
सूत्रों के अनुसार, राज्यपाल ने प्रधानमंत्री को हरियाणा में केंद्र सरकार की विभिन्न फ्लैगशिप योजनाओं के क्रियान्वयन, बुनियादी ढांचा विकास और जनकल्याण कार्यक्रमों की प्रगति से अवगत कराया। यह बैठक केंद्र और राज्य के बीच समन्वय को और मजबूत करने की दिशा में महत्वपूर्ण मानी जा रही है।
प्रो. असीम कुमार घोष, एक प्रतिष्ठित विद्वान और प्रशासक, राज्यपाल पद संभालने के बाद से लगातार जनसेवा और सुशासन पर जोर दे रहे हैं। इससे पहले की एक भेंट में उन्होंने कहा था, “आदरणीय प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी जी द्वारा मुझे दी गई जिम्मेदारी और विश्वास के लिए मैं अत्यंत आभारी हूं। मैं उनकी अपेक्षाओं पर खरा उतरने का निरंतर प्रयास करूंगा।”
हरियाणा राज्य सहकारी संघवाद की भावना के साथ तेजी से प्रगति कर रहा है। मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी के नेतृत्व में राज्य सरकार शिक्षा, स्वास्थ्य, कृषि, ऊर्जा और शहरी विकास जैसे क्षेत्रों में उल्लेखनीय कार्य कर रही है। राज्यपाल की यह मुलाकात इन प्रयासों को राष्ट्रीय स्तर पर और गति देने में सहायक सिद्ध होगी।
प्रधानमंत्री मोदी के नेतृत्व में केंद्र सरकार की योजनाएं जैसे पीएम-किसान, आयुष्मान भारत और स्मार्ट सिटी मिशन हरियाणा में प्रभावी ढंग से लागू हो रही हैं। राज्य में बिजली सुधार, निवेश आकर्षण और किसान कल्याण पर विशेष ध्यान दिया जा रहा है। प्रधानमंत्री ने हमेशा केंद्र-राज्य समन्वय को प्राथमिकता दी है, जिसका यह भेंट एक जीवंत उदाहरण है।
इस मुलाकात के दौरान राज्य की प्रमुख चुनौतियों जैसे जल प्रबंधन, प्रदूषण नियंत्रण और सतत विकास पर भी चर्चा होने की संभावना है। हरियाणा की उद्यमी भावना और राष्ट्रीय अर्थव्यवस्था में योगदान को देखते हुए यह बैठक राज्य के समग्र विकास के लिए महत्वपूर्ण है।
राज्यपाल प्रो. घोष की शैक्षणिक पृष्ठभूमि सुशासन और नीति-आधारित निर्णयों को मजबूती प्रदान करती है। वे अक्सर साक्ष्य-आधारित शासन और दीर्घकालिक योजना पर बल देते हैं। ऐसी उच्चस्तरीय भेंटें न केवल औपचारिक होती हैं, बल्कि वास्तविक समस्याओं के समाधान और नीतिगत दिशा-निर्देश के लिए भी उपयोगी साबित होती हैं।
हरियाणा के लोगों की आकांक्षाओं को पूरा करने में राज्यपाल का भूमिका संवैधानिक और विकासात्मक दोनों रूप में महत्वपूर्ण है। आज की यह भेंट ‘सबका साथ, सबका विकास, सबका विश्वास और सबका प्रयास’ की भावना को मजबूत करती है।
पीएमओ ने बैठक की विस्तृत जानकारी अभी सार्वजनिक नहीं की है, जो ऐसी शिष्टाचार भेंटों की परंपरा के अनुरूप है। हालांकि, सोशल मीडिया पर साझा की गई जानकारी से राजनीतिक और सामाजिक हलकों में सकारात्मक प्रतिक्रिया मिल रही है।
यह रिपोर्ट प्रधानमंत्री कार्यालय के आधिकारिक बयान और विश्वसनीय सार्वजनिक स्रोतों पर आधारित है, जो पारदर्शिता और तथ्यात्मक सटीकता सुनिश्चित करती है।